परसोरिया में ऐतिहासिक दीनी जलसा
परसोरिया में ऐतिहासिक दीनी जलसा
12 हाफिज छात्रों की दस्तारबंदी
- सागर सहित जिलेभर और आसपास क्षेत्रों से उमड़ा जनसैलाब, शिक्षा और अखलाक पर दिया गया जोर
सागर से न्यूज: 13 फरवरी,2025
सागर| जिले के परसोरिया स्थित मौलाना आजाद एजुकेशन कैंपस में आयोजित भव्य दीनी जलसा यादगार बन गया। कार्यक्रम में देश के प्रख्यात इस्लामी विद्वान मौलाना हुजैफा साहब गुलाम मोहम्मद वस्तानवी की गरिमामयी मौजूदगी ने आयोजन को विशेष बना दिया। सागर शहर सहित जिलेभर और आसपास क्षेत्रों से बड़ी संख्या में अकीदतमंद, उलेमा और गणमान्य नागरिक कार्यक्रम में शामिल हुए। मंच पर सागर शहर के मुफ्ती तारिक अनवर साहब, इम्तियाज़ भाई अमीर साहब तथा मुफ्ती मुस्तुफा साहब सहित अन्य उलेमा-ए-किराम की उपस्थिति रही। सभी ने अपने बयानों में दीन, तालीम और समाज में नैतिक मूल्यों की अहमियत पर जोर दिया। जलसे का सबसे भावुक और प्रेरणादायी पल वह रहा जब मदरसे के 12 छात्रों की दस्तारबंदी की गई। हिफ्ज़-ए-कुरआन मुकम्मल करने वाले विद्यार्थियों को उलेमा-ए-किराम के हाथों दस्तार पहनाकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर अभिभावकों की आंखें नम हो गईं और पूरा परिसर दुआओं और मुबारकबाद से गूंज उठा।
अपने विशेष खिताब में मौलाना हुजैफा साहब गुलाम मोहम्मद वस्तानवी ने कहा कि मौजूदा दौर में दीन के साथ-साथ आधुनिक शिक्षा भी बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि बच्चों को अच्छी तालीम, बेहतर अखलाक और मजबूत किरदार के साथ आगे बढ़ाना समय की जरूरत है। मुफ्ती तारिक अनवर साहब ने कहा कि समाज में भाईचारा और इंसानियत को मजबूत करना हम सबकी जिम्मेदारी है। इम्तियाज़ भाई अमीर साहब ने शिक्षा को तरक्की की कुंजी बताते हुए अभिभावकों से बच्चों की तालीम पर विशेष ध्यान देने की अपील की। वहीं मुफ्ती मुस्तुफा साहब ने कहा कि ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को सही दिशा देने का काम करते हैं।
कार्यक्रम सुबह प्रारंभ होकर नमाज-ए-असर तक जारी रहा। नमाज-ए-जुम्मा भी अदा की गई, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने शिरकत की। पूरे आयोजन के दौरान अनुशासन और व्यवस्थाएं सराहनीय रहीं। अंत में सामूहिक दुआ के साथ जलसे का समापन हुआ। परसोरिया में आयोजित यह कार्यक्रम शिक्षा, संस्कार और समाज सुधार की दिशा में एक सकारात्मक और प्रेरणादायी पहल के रूप में देखा जा रहा है।

Comments
Post a Comment